एक दफ़्तर में बेबस औरतें अपमान में डूब जाती हैं! "आज्ञाकारी होना हमारा फ़र्ज़ है, सार्वजनिक रूप से भी..." उन्हें उनकी वर्दी में पकड़ लिया जाता है और दफ़्तर के बंधन में बाँध दिया जाता है जहाँ वे जो चाहें कर सकती हैं! दर्द से आनंद की ओर उठती आयुमी, अपने बॉस द्वारा अपमानित रुका, और पीड़ा से तड़पती और चीखती युई, इन सबको बिना हिले-डुले ही यौन संबंध बनाने के लिए मजबूर किया जाता है!